डाटा लीक मामला वाइली के खुलासे से बड़ी JDU की मुश्किलें

POLITICS

पटना बिहार न्यूज़:- कैंब्रिज एनालिटिका के पूर्व कर्मचारी क्रिस्‍टोफर वाइलीके नए खुलासे से डेटा लीक मामले या बिहार तक पहुंच गई है . क्रिस्‍टोफर वाइली मैं नया खुलासा करते हुए कहा कि कैंब्रिज एनालिटिका का संबंध भारत से है उसने 2015 के बिहार विधानसभा चुनाव में jdu की मदद की थी.

क्रिस्‍टोफर वाइली के अनुसार कैंब्रिज एनालिटिका मातृत्व कंपनी का ऑफिस भारत भारत के गाजियाबाद में स्थित है साथ ही उन्होंने यह भी बताया कि कैंब्रिज एनालिटिका का क्षेत्रीय ऑफिस पटना में भी है.

क्रिस्‍टोफर वाइली के नए खुलासे के बाद बिहार की राजनीति में तूफान आ गया है वही वीडियो में क्रिस्‍टोफर वाइली के सारे आरोपों को खारिज कर दिया है.

क्रिस्‍टोफर वाइली अपने खुलासे में कंपनी के कांग्रेस पार्टी के साथ भी काम करने की बात स्वीकारी है.

वाइली ने अपने ट्वीट कहा है कि उनके पास भारतीय पत्रकारों की तरफ से मेरे पास ढेर सारे अनुरोध आ रहे हैं, इसलिए वे भारत में एससीएल की कुछ पिछली परियोजनाओं की जानकारी दे रहे हैं। उन्‍होंने लिखा है कि एससीएल व कैंब्रिज एनालिटिका भारत में काम करती हैं और यहां उनके कार्यालय हैं।

उन्होंने अपने ट्वीट में दावा किया कि 2015 के बिहार विधानसभा चुनाव के लिए जनता दल यूनाइटेड ने एससीएल से से संपर्क किया था.

वाइली के खुलासे के बाद जहां बिहार की राजनीति गरमा गई है वही जनता दल यूनाइटेड ने अपने ऊपर लगे सारे आरोपों को सिरे से खारिज कर दिया है .जहां बीजेपी जनता दल यूनाइटेड के साथ खड़ी दिख रही है.

वहीं प्रमुख विपक्षी पार्टी के नेता मनोज झा ने कहां की खुलासे से साफ पता चल रहा है कि अब चुनाव लड़े नहीं जाते फिक्स किए जाते हैं ऐसे में उन्होंने इसे लोकतंत्र के लिए खतरा बताया.

जनता दल यूनाइटेड के प्रवक्ता केसी त्यागी ने कहां की उनकी पार्टी चुनाव मैं राजनीति बनाने के लिए Daata कोई उपयोग नहीं करती साथ ही उन्होंने यह भी कहा कि उनकी पार्टी ने कभी भी कैंब्रिज एनालिटिका से सहायता नहीं ली है.